भारत टेक्स-2026 और दिल्ली निवेश संवाद में मध्य प्रदेश को 20,193 करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव मिले हैं
भोपाल : भारत टेक्स-2026 और दिल्ली निवेश संवाद में मध्य प्रदेश को 20,193 करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव मिले हैं। मुख्यमंत्री मोहन यादव ने कहा कि इन निवेशों से प्रदेश में 27,592 रोजगार के अवसर बनने की उम्मीद है और इससे निवेश गंतव्य के रूप में प्रदेश की स्थिति और मजबूत होगी।
मध्य प्रदेश को भारत टेक्स 2026 और नई दिल्ली में आयोजित ‘इन्वेस्टमेंट ऑपर्च्युनिटीज इन मध्य प्रदेश’ सत्र के दौरान कुल 20,193 करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव मिले हैं। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि इन निवेशों से प्रदेश में 27,592 प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रोजगार के अवसर बनने की संभावना है। मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम में देश-विदेश के निवेशकों, उद्योगपतियों और वैश्विक कंपनियों के प्रतिनिधियों को संबोधित करते हुए उन्हें जनवरी 2027 में आयोजित होने वाले ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट (जीआईएस-2027) में शामिल होने का निमंत्रण दिया।
कार्यक्रम के दौरान मध्य प्रदेश इंडस्ट्रियल डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन (एमपीआईडीसी) ने निर्यात, ई-कॉमर्स, वैश्विक व्यापार, एमएसएमई और औद्योगिक सहयोग को बढ़ावा देने के लिए सात महत्वपूर्ण एमओयू (समझौता ज्ञापन) पर हस्ताक्षर किए। इस अवसर पर प्रदेश में रक्षा उत्पादन, डेटा सेंटर, सूचना प्रौद्योगिकी (आईटी), आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई), सेमीकंडक्टर, अक्षय ऊर्जा, पर्यटन और फूड प्रोसेसिंग जैसे क्षेत्रों में निवेश की संभावनाओं को भी प्रस्तुत किया गया। मुख्यमंत्री ने बताया कि केवल नई दिल्ली में आयोजित निवेश सत्र के दौरान ही 18,601 करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए। ये प्रस्ताव रक्षा, डेटा सेंटर, ट्रांसफॉर्मर निर्माण, इलेक्ट्रॉनिक्स, अक्षय ऊर्जा, इंजीनियरिंग और खिलौना उद्योग जैसे क्षेत्रों से जुड़े हैं। इन परियोजनाओं से करीब 11,892 लोगों को रोजगार मिलने की उम्मीद है।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने भारत टेक्स-2026 में कहा कि मध्य प्रदेश निवेश और उद्योग के लिए देश के सबसे अनुकूल राज्यों में तेजी से उभर रहा है। उन्होंने बताया कि प्रदेश कपास और ऑर्गेनिक कपास उत्पादन में अग्रणी है तथा टेक्सटाइल, एमएसएमई, फार्मा, माइनिंग और फूड प्रोसेसिंग जैसे क्षेत्रों में अपार संभावनाएं हैं। मुख्यमंत्री के अनुसार, सरकार की उद्योग प्रोत्साहन नीतियों के तहत निवेशकों को आकर्षक सब्सिडी और रोजगार आधारित प्रोत्साहन दिए जा रहे हैं। रोजगार सृजन करने वाले उद्योगों को श्रमिकों के वेतन के लिए पांच वर्ष तक प्रति श्रमिक 5,000 रुपये की सहायता भी उपलब्ध कराई जा रही है।
उन्होंने दावा किया कि प्रदेश में पर्याप्त बिजली, पानी, बड़ा लैंड बैंक और 5 लाख किलोमीटर से अधिक का सड़क नेटवर्क उपलब्ध है। इसके अलावा मजबूत रेलवे नेटवर्क, आठ हवाई अड्डे, छह अंतरराष्ट्रीय कंटेनर डिपो, एक्सप्रेसवे, फूड पार्क, लॉजिस्टिक्स पार्क और मल्टी-मॉडल पार्क जैसी सुविधाएं उद्योगों को बेहतर आधार प्रदान कर रही हैं।